प्रधानमंत्री आवास योजना के लंबित प्रकरणों का समयबद्ध करें निराकरण, निगमायुक्त ने की प्रधानमंत्री आवास योजना के विभिन्न घटकों की विस्तृत समीक्षा, अधिकारियों को दिए आवश्यक निर्देश
कटनी। नागरिकों को सम्मानजनक एवं सुरक्षित आवास उपलब्ध कराने के उद्देश्य से संचालित शासन की महत्वाकांक्षी प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के अंतर्गत संचालित विभिन्न कार्यों की समीक्षा हेतु बुधवार को निगमायुक्त तपस्या परिहार द्वारा विस्तृत बैठक आयोजित की गई। बैठक में योजना के विभिन्न घटकों की प्रगति की समीक्षा करते हुए निगमायुक्त ने लंबित प्रकरणों का शीघ्र निराकरण एवं सभी कार्यों को निर्धारित समय-सीमा में गुणवत्ता के साथ पूर्ण करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए।
समीक्षा बैठक में कार्यपालन यंत्री सुधीर मिश्रा, सहायक यंत्री एवं योजना के नोडल अधिकारी अनिल जायसवाल, उपयंत्री जे.पी. बघेल, मृदुल श्रीवास्तव, मोना करेरा सहित योजना से संबंधित विभागीय अधिकारी एवं फील्ड अमला उपस्थित रहा। बैठक में प्रधानमंत्री आवास योजना 1.0 के बी.एल.सी. घटक अंतर्गत लंबित आवासों की समीक्षा करते हुए निगमायुक्त ने चरणबद्ध कार्ययोजना बनाकर उन्हें शीघ्र पूर्ण कराने के निर्देश दिए। वहीं प्रेमनगर-खिरहनी स्थित ए.एच.पी. घटक के अंतर्गत निर्मित ईडब्ल्यूएस आवासों के पंजीकृत हितग्राहियों से अंशदान राशि जमा कराकर आवंटन प्रक्रिया शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए गए। इसके साथ ही बिलहरी मोड़ स्थित निर्माणाधीन ईडब्ल्यूएस आवासों की प्रगति की समीक्षा कर निर्माण कार्य निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण कराने पर विशेष जोर दिया गया।
आरआरसी वसूली में लाएं गति
निगमायुक्त सुश्री परिहार ने प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत आरआरसी जारी हितग्राहियों से देय राशि की वसूली कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी प्राथमिकता के आधार पर समयबद्ध ढंग से वसूली की कार्रवाई पूर्ण करें तथा नियमित प्रगति सुनिश्चित करें। उन्होंने स्पष्ट किया कि योजना के प्रभावी क्रियान्वयन एवं राजस्व लक्ष्यों की पूर्ति के लिए सभी अधिकारी पूर्ण गंभीरता एवं जिम्मेदारी के साथ कार्य करें।
7 दिवस में प्रारंभ कराएं निर्माण कार्य
प्रधानमंत्री आवास योजना 2.0 के बी.एल.सी. घटक की समीक्षा के दौरान जानकारी दी गई कि प्रथम किस्त प्राप्त करने के बावजूद कुछ हितग्राहियों द्वारा अब तक निर्माण कार्य प्रारंभ नहीं किया गया है। इस पर निगमायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि ऐसे हितग्राहियों से समन्वय स्थापित कर आगामी सात दिवस के भीतर निर्माण कार्य प्रारंभ कराया जाए। निर्धारित अवधि में कार्य प्रारंभ नहीं होने की स्थिति में संबंधित हितग्राहियों को नियमानुसार नोटिस जारी कर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। बैठक में निगमायुक्त ने शासन से प्राप्त प्रथम किस्त की राशि अन्य शेष पात्र हितग्राहियों के खातों में समय-सीमा में वितरित करने, योजना अंतर्गत विद्युतीकरण सहित अन्य निर्माणाधीन कार्यों को गुणवत्ता के साथ निर्धारित अवधि में पूर्ण कराने तथा पूर्व में आवंटित आवासों के विक्रय-विलेख (रजिस्ट्री) की प्रक्रिया में तेजी लाने के निर्देश भी दिए। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को हितग्राहियों से समन्वय स्थापित कर जिला पंजीयक कार्यालय के माध्यम से आवश्यक कार्यवाही समयबद्ध रूप से पूर्ण कराने के निर्देश दिए।








