विवादित IPS अधिकारी एवं कटनी के पूर्व एसपी अभिजीत कुमार रंजन लोकायुक्त जांच के घेरे में, वरिष्ठ अधिवक्ता ने लगाए भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप
भोपाल/जबलपुर। मध्य प्रदेश कैडर के वर्ष 2014 बैच के आईपीएस अधिकारी एवं पूर्व में कटनी पुलिस अधीक्षक रहे अभिजीत कुमार रंजन के खिलाफ गंभीर भ्रष्टाचार, पद के दुरुपयोग और सेवा आचरण नियमों के उल्लंघन के आरोपों की जांच की मांग को लेकर मामला अब लोकायुक्त कार्यालय तक पहुंच गया है। जानकारी के अनुसार, मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय जबलपुर के वरिष्ठ अधिवक्ता आर.के. सोनी ने भारत सरकार के गृह मंत्रालय तथा मध्यप्रदेश लोकायुक्त में शिकायत प्रस्तुत कर आईपीएस अधिकारी अभिजीत कुमार रंजन के विरुद्ध जांच की मांग की है।
शिकायत में आरोप लगाया गया है कि पूर्व कटनी एसपी अभिजीत कुमार रंजन ने अपने पद का दुरुपयोग किया तथा अखिल भारतीय सिविल सेवा (आचरण) नियम, 1968 के प्रावधानों का उल्लंघन किया है। इसी संबंध में लोकायुक्त कार्यालय, भोपाल द्वारा शिकायतकर्ता को पत्र जारी कर शिकायत में लगाए गए आरोपों के समर्थन में शपथ पत्र एवं संबंधित दस्तावेज प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं। लोकायुक्त कार्यालय के पत्र क्रमांक 623/सी./2026 दिनांक 15 जून 2026 के अनुसार शिकायतकर्ता को 28 जुलाई 2026 तक आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध कराने को कहा गया है। हालांकि, अभी तक लोकायुक्त द्वारा मामले में किसी प्रकार की जांच पूर्ण नहीं की गई है और न ही आरोपों की पुष्टि हुई है। फिलहाल मामला प्रारंभिक प्रक्रिया के दौर में है तथा दस्तावेजों के परीक्षण के बाद ही आगे की कार्रवाई तय होगी। गौरतलब है कि लोकायुक्त द्वारा दस्तावेज तलब किया जाना केवल शिकायत पर प्रारंभिक प्रक्रिया का हिस्सा है। आरोपों की सत्यता की पुष्टि जांच पूर्ण होने के बाद ही हो सकेगी। लेकिन मामला लोकायुक्त तक पहुंचने के कारण पूरे प्रदेश के पुलिस विभाग में खलबली मची हुई है।








