शंभू टॉकीज मार्ग पर थमे वाहन, स्वच्छता, स्वास्थ्य और सामाजिक सहभागिता का चला कारवां, राहगीरी डे में नगरवासियों ने लिखी जन जागृति की गई इबारत
कटनी। स्वच्छता और स्वास्थ्य के प्रति जन-जागरूकता को जन-आंदोलन का स्वरूप देने के उद्देश्य से नगर पालिक निगम कटनी द्वारा वीर सावरकर वार्ड स्थित शंभू टॉकीज मार्ग पर आयोजित ‘राहगीरी डे’ रविवार की सुबह नागरिक सहभागिता, उत्साह और सकारात्मक ऊर्जा का अद्भुत उदाहरण बना। कुछ घंटों के लिए वाहनों की आवाजाही से मुक्त हुए मार्ग पर जब बच्चों की खिलखिलाहट, युवाओं का उत्साह, बुजुर्गों का योग और स्वच्छता के प्रति जनसंकल्प एक साथ दिखाई दिया, तब यह आयोजन केवल एक कार्यक्रम नहीं बल्कि जागरूक नागरिक संस्कृति का जीवंत उत्सव दिखाई दिया।
कार्यक्रम में महापौर प्रीति संजीव सूरी, जिला अध्यक्ष दीपक टंडन सोनी,नगर निगम अध्यक्ष मनीष पाठक, वनमण्डलाधिकारी गर्वित गंगवार, निगमायुक्त तपस्या परिहार, मेयर इन काउंसिल सदस्य जय नारायण निषाद, सुरेंद्र गुप्ता, उमेंद्र अहिरवार, पार्षद सीमा श्रीवास्तव, शकुंतला सोनी, राजेश भास्कर, समाजसेवी श्याम निषाद, पूर्व पार्षद रज्जन जैन, नीलिमा बैनर्जी सहित अन्य जनप्रतिनिधियों, निगम के स्वच्छता ब्रांड एम्बेसडर, गणमान्य नागरिकों, उद्योगपतियों, चिकित्सकों, युवाओं, महिलाओं, बच्चों एवं वरिष्ठ नागरिकों ने बड़ी संख्या में सहभागिता की।
सड़क पर उतरा स्वास्थ्य और आनंद का उत्सव
नो-व्हीकल जोन में परिवर्तित शंभू टॉकीज मार्ग पर नागरिकों ने तनावमुक्त वातावरण में विविध खेल एवं मनोरंजक गतिविधियों का आनंद लिया। बच्चों ने पेंटिंग और हॉर्स राइडिंग के माध्यम से उत्साह का परिचय दिया तो वरिष्ठ नागरिक योग एवं व्यायाम से स्वस्थ जीवनशैली का संदेश देते नजर आए। रस्साकशी, सांप-सीढ़ी, पिट्टू, शतरंज, कैरम, चम्मच-नींबू दौड़ और लंगड़ी जैसे पारंपरिक खेलों ने लोगों को अपने बचपन की यादों से जोड़ दिया। जुंबा सत्र में नागरिकों की उत्साहपूर्ण भागीदारी ने पूरे वातावरण को ऊर्जा से भर दिया। वहीं सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और मैजिक शो के माध्यम से स्वच्छता एवं जल संरक्षण का संदेश भी प्रभावी ढंग से प्रसारित किया गया।
खुली पाठशाला के माध्यम से स्वच्छता की सीख
राहगीरी डे का प्रमुख उद्देश्य नागरिकों को स्वच्छता के प्रति व्यवहारिक रूप से जागरूक करना था। नुक्कड़ नाटक के माध्यम से एकल-उपयोग प्लास्टिक के दुष्प्रभावों से अवगत कराते हुए कपड़े के थैलों के उपयोग के लिए प्रेरित किया गया। ‘फोर बिन’ मॉडल के जरिए नागरिकों को गीले, सूखे एवं अन्य प्रकार के कचरे के पृथक्करण की जानकारी दी गई।इसके साथ ही प्लास्टिक की बोतलों एवं अनुपयोगी रैपर से इको-ब्रिक्स तैयार करने की प्रक्रिया का प्रदर्शन कर अपशिष्ट प्रबंधन और पुनर्चक्रण की उपयोगिता भी समझाई गई। इस पहल ने स्वच्छता को केवल सफाई तक सीमित न रखकर पर्यावरण संरक्षण से भी जोड़ा।
स्वच्छता का लिया सामूहिक संकल्प
कार्यक्रम के दौरान महापौर प्रीति संजीव सूरी ने उपस्थित जनसमूह को स्वच्छता की शपथ दिलाई। और सभी से नगर की स्वच्छता में सहयोग प्रदान करने तथा दूसरों को भी इसके लिए प्रेरित करने का आह्वान किया। सामूहिक संकल्प के इस क्षण ने पूरे आयोजन को जन-जिम्मेदारी और नागरिक चेतना का स्वरूप प्रदान किया।
स्वस्थ नागरिक ही स्वच्छ शहर की पहचान
निगमायुक्त तपस्या परिहार ने कहा कि जब एक ही मंच पर बच्चे खेलते हुए, युवा फिटनेस गतिविधियों में भाग लेते हुए और वरिष्ठजन योग करते हुए दिखाई देते हैं, तब यह किसी भी शहर की सकारात्मक सामाजिक चेतना का संकेत होता है। स्वच्छता और स्वास्थ्य का यह समन्वय न केवल बेहतर जीवनशैली को बढ़ावा देता है बल्कि स्वच्छ एवं विकसित शहर की दिशा में भी महत्वपूर्ण कदम है।
समापन पर अनोखा संदेश
कार्यक्रम का सबसे अनूठा पाल समापन के दौरान देखने को मिला। इस अवसर पर विभिन्न प्रतियोगिताओं के विजेताओं को महापौर, निगमाध्यक्ष, एवं निगमायुक्त द्वारा सम्मानित किया गया। विशेष रूप से नगर की स्वच्छता व्यवस्था को बेहतर बनाए रखने में योगदान देने वाले स्वच्छता मित्रों का सम्मान कर उनके प्रति कृतज्ञता व्यक्त की गई। प्रतिभागियों को तुलसी के पौधे, कपड़े का थैला एवं उपहार भेंट कर पर्यावरण संरक्षण और हरित जीवनशैली का संदेश दिया गया। राहगीरी डे ने एक बार फिर यह सिद्ध कर दिया कि स्वच्छता केवल सरकारी अभियान नहीं, बल्कि नागरिक सहभागिता से संचालित एक जन-आंदोलन है। जब पूरा शहर मिलकर स्वच्छता, स्वास्थ्य और पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लेता है, तब एक बेहतर, सुंदर और जागरूक कटनी की परिकल्पना साकार होती दिखाई देती है। कार्यक्रम के दौरान नगर निगम उपयुक्त शैलेश गुप्ता, प्रियंका झारिया, राजस्व अधिकारी जागेश्वर प्रसाद पाठक, नोडल अधिकारी स्वच्छ भारत मिशन आदेश जैन, सहायक यंत्री सुनील सिंह, अनिल जायसवाल, स्वास्थ्य अधिकारी संजय सोनी सहित अन्य अधिकारी कर्मचारी मौजूद रहे।








