एसपी ने किय बाकल थाने का निरीक्षण, देखे रिकॉर्ड, पीड़ितों के साथ थाने में उचित व्यवहार के दिए टिप्स

कटनी। पुलिस अधीक्षक अभिनय विश्वकर्मा द्वारा थाना बाकल का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान थाना बाकल में पदस्थ परिवीक्षाधीन उप पुलिस अधीक्षक शिवा पाठक द्वारा थाना प्रभारी के रूप में विगत दो माह में किए गए कार्यों की विस्तृत समीक्षा की गई। इस अवसर पर अनुविभागीय पुलिस अधीक्षक स्लीमनाबाद आकांक्षा चतुर्वेदी भी उपस्थित रहीं।
निरीक्षण के दौरान पुलिस अधीक्षक ने थाने में संधारित किए जाने वाले विभिन्न रजिस्टरों एवं अभिलेखों का गहन परीक्षण किया गया। ग्राम अपराध पुस्तिकाओं का निरीक्षण कर आवश्यक पूर्ति के निर्देश दिए गए। साथ ही जप्ती रजिस्टर, स्टॉक रजिस्टर, एनसीआर रजिस्टर का अवलोकन किया गया तथा थाने में उपलब्ध आर्म्स एवं एम्यूनिशन का भौतिक सत्यापन किया गया। इसके अतिरिक्त मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 185 के अंतर्गत जप्त वाहनों के रिकॉर्ड का निरीक्षण कर उनके सुव्यवस्थित रखरखाव हेतु निर्देशित किया गया। थाना परिसर स्थित हवालात कारागार का भी निरीक्षण किया गया। पुलिस अधीक्षक ने प्रशिक्षु डीएसपी थाना प्रभारी शिवा पाठक को बेसिक पुलिसिंग के साथ-साथ थाने की समस्त प्रक्रियाओं को गंभीरता से सीखने, प्रत्येक कार्यवाही को गहराई से समझने एवं स्वयं के स्तर से प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने की समझाइश दी गई। निरीक्षण के दौरान एसपी ने प्रत्येक फरियादी को संवेदनशीलता, सम्मान एवं धैर्य के साथ सुना जाए। थाने में आने वाला प्रत्येक नागरिक यह अनुभव करे कि उसकी समस्या को गंभीरता से लिया जा रहा है। जनविश्वास को सुदृढ़ करना पुलिस की प्रथम जिम्मेदारी है। थाने की रात्रिकालीन कार्यप्रणाली, अपराध नियंत्रण व्यवस्था, गश्त, बीट ड्यूटी एवं लंबित शिकायतों की विस्तृत समीक्षा की गई। अपराधों की प्रभावी रोकथाम हेतु रात्रि गश्त को और अधिक सुदृढ़ करने, संवेदनशील क्षेत्रों में नियमित पेट्रोलिंग, संदिग्ध व्यक्तियों व वाहनों की सघन चेकिंग तथा प्राप्त सूचना पर त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए गए। पुलिस अधीक्षक ने सीसीटीवी कैमरा लगाने के अभियान को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए गए। प्रमुख चौराहों, बाजारों, संवेदनशील स्थलों एवं ग्राम क्षेत्रों में अधिक से अधिक कैमरे स्थापित कर निगरानी व्यवस्था मजबूत करने के निर्देश दिए, जिससे अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण संभव हो सके। नशे के विरुद्ध सतत शिकंजा अभियान चलाने, अवैध नशे के कारोबार पर कठोर कार्रवाई करने तथा जनसेवा आधारित पुलिसिंग को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए गए। यातायात जागरूकता अभियानों को निरंतर प्रभावी रूप से संचालित करने, आम नागरिकों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक करने तथा सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम हेतु सख्त एवं प्रभावी प्रवर्तन सुनिश्चित करने पर विशेष बल दिया गया।

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Author: RashtraRakshak

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