जरूरतमंद परिवारों की महिलाओं को दी सिलाई मशीनें, सतगुरु बाबा माधवशाह सेवा मंडल निरंतर कर रहा जनकल्याण के कार्य
कटनी। सतगुरु बाबा माधवशाह सेवा मंडल द्वारा “मानव सेवा ही सच्चा धर्म” के संकल्प के साथ निराश्रित एवं जरूरतमंद परिवारों की निरंतर सेवा की जा रही है। सेवा मंडल की इसी निस्वार्थ सेवा श्रृंखला के अंतर्गत बाबा माधवशाह भवन में जरूरतमंद माताओं-बहनों को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से सैकड़ों सिलाई मशीनों का वितरण किया गया। सिलाई मशीनों का वितरण जीवन मुक्त सतगुरु सांई ईश्वरशाह साहिब के पावन कर-कमलों से किया गया। सेवा मंडल की सेवा परंपरा की शुरुआत सतगुरु बाबा नारायणशाह साहिब जी द्वारा वर्ष 1960 में रोपे गए सेवा के बीज से हुई, जो आज जीवन मुक्त सतगुरु सांई ईश्वरशाह साहिब जी की प्रेरणा से विशाल वटवृक्ष का रूप ले चुका है। संस्था द्वारा जरूरतमंद एवं निराश्रित परिवारों की सहायता के साथ समाजसेवा के विभिन्न कार्य निरंतर किए जा रहे हैं।
200 से अधिक जरूरतमंद परिवारों को प्रतिमाह सहायता
सेवा मंडल द्वारा प्रतिमाह 200 से अधिक निराश्रित एवं जरूरतमंद परिवारों को राशन सहित आवश्यक सामग्री उपलब्ध कराई जाती है। इसके अलावा शिक्षा, चिकित्सा, दिव्यांग सेवा तथा अन्य जनकल्याणकारी गतिविधियों के माध्यम से भी जरूरतमंदों की सहायता की जा रही है। सिलाई मशीन वितरण कार्यक्रम का उद्देश्य माताओं-बहनों को हुनर के माध्यम से स्वावलंबी बनाना और उन्हें परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत करने का अवसर प्रदान करना है। मशीन मिलने से महिलाएं घर बैठे सिलाई का कार्य कर अपनी आय का साधन विकसित कर सकेंगी।
जरूरतमंदों के जीवन में खुशियां बांटना ही सच्ची सेवा
इस अवसर पर जीवन मुक्त सतगुरु सांई ईश्वरशाह साहिब जी ने मानव सेवा के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि दूसरों के दुखों पर मरहम लगाने से जीवन में सच्ची शांति और सुख की अनुभूति होती है। जरूरतमंदों की सेवा से मिलने वाली दुआएं अनमोल होती हैं। सतगुरु साहिबानों की कृपा और सेवा की परंपरा से समाज के उत्थान का यह कार्य निरंतर आगे बढ़ रहा है। कार्यक्रम के दौरान जरूरतमंद महिलाओं के चेहरों पर आत्मनिर्भरता और खुशी की झलक दिखाई दी। सेवा मंडल के इस प्रयास को समाज के जरूरतमंद वर्ग को स्वावलंबी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।