बालाघाट में 21 आदिवासी बच्चों की मौत पर भड़की कांग्रेस, कलेक्ट्रेट के सामने किया प्रदर्शन, राज्यपाल के नाम सौंपा 5 सूत्रीय ज्ञापन
कटनी। बालाघाट जिले में कथित तौर पर दूषित पानी पीने से 21 आदिवासी बच्चों की मौत और कई लोगों के बीमार होने के मामले को लेकर मंगलवार को जिला आदिवासी कांग्रेस शहर एवं ग्रामीण इकाई ने जिला कांग्रेस अध्यक्ष एवं पूर्व विधायक कुंवर सौरभ सिंह के नेतृत्व में प्रदर्शन किया। इसके बाद प्रदेश के राज्यपाल के नाम जिला कलेक्टर के माध्यम से पांच सूत्रीय ज्ञापन सौंपा गया।
ज्ञापन में कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि बालाघाट जिले के कुण्डेकसा, अडोरी, कोरका, बोंदरी सहित आसपास के गांवों में दूषित पेयजल के कारण 21 आदिवासी बच्चों की मौत हो गई, जबकि कई लोग उल्टी-दस्त, चर्म रोग एवं अन्य गंभीर बीमारियों की चपेट में आ गए हैं। उन्होंने कहा कि इससे पहले इंदौर के भागीरथपुरा में भी दूषित पानी से मौतों की घटनाएं सामने आ चुकी हैं, लेकिन सरकार और स्वास्थ्य विभाग ने पर्याप्त कदम नहीं उठाए। कांग्रेस ने मांग की कि मृतक बच्चों के परिजनों को तत्काल एक-एक करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता दी जाए तथा प्रत्येक परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी प्रदान की जाए। साथ ही प्रभावित गांवों में तत्काल चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं।
ज्ञापन में आदिवासी क्षेत्रों में स्थायी स्वास्थ्य व्यवस्था स्थापित करने, पेयजल की गुणवत्ता की जांच के लिए उच्चस्तरीय जांच समिति गठित करने, जांच रिपोर्ट सार्वजनिक करने तथा लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की भी मांग की गई। इस दौरान जिला आदिवासी कांग्रेस शहर अध्यक्ष अजय कोल, ग्रामीण अध्यक्ष ओमकार सिंह, राजा जगवानी, सेवा दल अध्यक्ष मंगल सिंह, राकेश जैन, ब्लॉक अध्यक्ष सुशील जायसवाल, जितेन्द्र गुप्ता, जालिम यादव, रंजीत सिंह, कल्लू दास बैरागी, नारायण निषाद, हर्षित मिश्रा, मजीद खान सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता उपस्थित रहे।