आउटसोर्स कर्मचारियों ने कांग्रेस पार्षदों के साथ नगर निगम कार्यालय में दिया धरना, काम से न निकाले जाने की लगाई गुहार

कटनी। नगर निगम द्वारा नगर निगम के विभिन्न विभागों में पदस्थ सैकड़ो आउटसोर्स कर्मचारी को बाहर का रास्ता दिखाई जा रहा है इसी बात को लेकर आज आउटसोर्स कर्मचारियों ने काम से ना हटाने की मांग करते हुए कांग्रेस पार्षदो के साथ नगर निगम कार्यालय के अंदर धरना दिया। 
नगर निगम में स्वास्थ्य विभाग व जल प्रदाय विभाग में पदस्थ आउटसोर्स कर्मचारियों को नौकरी से ना हटाने की मांग करते हुए आज नगर निगम कार्यालय मे कांग्रेस क़े बरिष्ठ पार्षद मिथलेश जैन, मनोज गुप्ता के साथ धरने पर बैठ गए।
नगर निगम कार्यालय के अंदर धरने पर बैठे कर्मचारियों ने बताया की नगर निगम में कर्मचारियों की कमी के चलते परिषद के निर्णय अनुसार आउटसोर्स कर्मचारियों की नियुक्ति स्वास्थ्य विभाग और जल प्रदाय विभाग में की गई थी। विगत कुछ दिन पूर्व नगर निगम आयुक्त के निर्देशानुसार आउटसोर्स कर्मचारियों का सत्यापन कराया गया था जिसमें सैकड़ों कर्मचारियों का सत्यापन किया जा चुका है जो कि वर्तमान में भी अपना कार्य कर रहे हैं।
परिषद के निर्णय अनुसार नियुक्त कर्मचारियों को बिना परिषद के निर्णय के हटाया नहीं जा सकता है। कर्मचारियों की नियुक्ति के लिए भी नई प्रक्रिया अपनाने का कार्य भी बिना परिषद के निर्णय के नहीं किया जा सकता है।
धरना दे रहे कर्मचारियों ने कहा की वर्तमान में जल प्रदाय विभाग और स्वास्थ विभाग में कार्यरत ऐसे सभी आउटसोर्स कर्मचारियों को नौकरी पर रखा जाए जिनका सत्यापन किया जा चुका है।
आउटसोर्स कर्मचारियों ने कांग्रेस पार्षदों के साथ नगर निगम कार्यालय में दिया धरना, काम से न निकाले जाने की लगाई गुहार
कटनी। नगर निगम द्वारा नगर निगम के विभिन्न विभागों में पदस्थ सैकड़ो आउटसोर्स कर्मचारी को बाहर का रास्ता दिखाई जा रहा है इसी बात को लेकर आज आउटसोर्स कर्मचारियों ने काम से ना हटाने की मांग करते हुए कांग्रेस पार्षदो के साथ नगर निगम कार्यालय के अंदर धरना दिया।
नगर निगम में स्वास्थ्य विभाग व जल प्रदाय विभाग में पदस्थ आउटसोर्स कर्मचारियों को नौकरी से ना हटाने की मांग करते हुए आज नगर निगम कार्यालय मे कांग्रेस क़े बरिष्ठ पार्षद मिथलेश जैन, मनोज गुप्ता के साथ धरने पर बैठ गए। नगर निगम कार्यालय के अंदर धरने पर बैठे कर्मचारियों ने बताया की नगर निगम में कर्मचारियों की कमी के चलते परिषद के निर्णय अनुसार आउटसोर्स कर्मचारियों की नियुक्ति स्वास्थ्य विभाग और जल प्रदाय विभाग में की गई थी। विगत कुछ दिन पूर्व नगर निगम आयुक्त के निर्देशानुसार आउटसोर्स कर्मचारियों का सत्यापन कराया गया था जिसमें सैकड़ों कर्मचारियों का सत्यापन किया जा चुका है जो कि वर्तमान में भी अपना कार्य कर रहे हैं।
परिषद के निर्णय अनुसार नियुक्त कर्मचारियों को बिना परिषद के निर्णय के हटाया नहीं जा सकता है। कर्मचारियों की नियुक्ति के लिए भी नई प्रक्रिया अपनाने का कार्य भी बिना परिषद के निर्णय के नहीं किया जा सकता है।
धरना दे रहे कर्मचारियों ने कहा की वर्तमान में जल प्रदाय विभाग और स्वास्थ विभाग में कार्यरत ऐसे सभी आउटसोर्स कर्मचारियों को नौकरी पर रखा जाए जिनका सत्यापन किया जा चुका है।