हर बच्चे का नामांकन और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा करें सुनिश्चित, कलेक्टर की दो टूक, परिणाम से तय होगी अधिकारियों की जवाबदेही, कमजोर प्रगति पर बीआरसीसी कटनी को नोटिस
कटनी। कलेक्टर आशीष तिवारी ने कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में स्कूल शिक्षा विभाग की विभागीय योजनाओं की प्रगति की विस्तृत समीक्षा किया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि शिक्षा शासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को परिणाम आधारित कार्य संस्कृति अपनाने तथा निर्धारित समय-सीमा में सभी लक्ष्यों की शत-प्रतिशत पूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इस दौरान जिला पंचायत सीईओ हरसिमरनप्रीत कौर भी मौजूद रहीं।
जुलाई के अंत तक शत-प्रतिशत नामांकन के निर्देश
कलेक्टर श्री तिवारी ने कक्षा 1, 6 एवं 9 सहित सभी कक्षाओं में जुलाई माह के अंत तक शत-प्रतिशत नामांकन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि कोई भी पात्र बच्चा स्कूल से बाहर नहीं रहना चाहिए। लक्ष्य अधूरा रहने पर संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी।
कमजोर प्रगति पर सख्ती, बीआरसीसी कटनी को नोटिस
समीक्षा के दौरान विकासखंड कटनी की प्रगति अपेक्षित नहीं पाए जाने पर कलेक्टर ने गहन नाराजगी जाहिर की। बीआरसीसी द्वारा सही तरीके से विभागीय योजनाओं की जानकारी नहीं देने और गोल-मोल जवाब देने पर बीआरसीसी कटनी श्री मनोज गौतम को कारण बताओ सूचना पत्र जारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि समीक्षा बैठकों में केवल आंकड़े प्रस्तुत करना पर्याप्त नहीं है, धरातल पर परिणाम भी दिखाई देने चाहिए।
डिजिटल शिक्षण और अपार आईडी पर विशेष जोर
बैठक में ई-अटेंडेंस, अपार आईडी, यू-डायस डाटा, डिजिटल अध्यापन, ई-मटेरियल के उपयोग तथा निपुण विद्यालयों की तैयारियों की समीक्षा की गई। कलेक्टर ने इन सभी कार्यों में तेजी लाने तथा गुणवत्ता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
जर्जर भवनों की तत्काल मरम्मत के निर्देश
कलेक्टर ने जर्जर विद्यालय भवनों की मरम्मत एवं आवश्यक कार्रवाई तत्काल पूर्ण कराने के निर्देश दिए। कार्यपालन यंत्री ग्रामीण यांत्रिकी सेवा श्रीमती मेघा मौर्य को डाइट भवन का निरीक्षण कर शीघ्र मरम्मत का प्राक्कलन तैयार करने के लिए निर्देशित किया।
निरीक्षण केवल औपचारिकता नहीं, शिक्षण सुधार का माध्यम बने
कलेक्टर श्री तिवारी ने निरीक्षण करने वाले अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे विद्यालयों में जाकर कक्षा अवलोकन करें, विद्यार्थियों के सीखने के स्तर का मूल्यांकन करें, स्वयं अध्यापन कर शिक्षकों का मार्गदर्शन करें तथा प्रत्येक निरीक्षण को परिणाममूलक बनाएं।
उत्कृष्ट शिक्षकों को मिलेगा सम्मान
बैठक में नवाचार करने वाले शिक्षकों की जानकारी प्रस्तुत की गई। कलेक्टर ने निर्देश दिए कि प्रत्येक समीक्षा बैठक में उत्कृष्ट कार्य करने वाले 10 शिक्षकों को सम्मानित किया जाए तथा उनके नवाचारों का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए, ताकि जिले में गुणवत्तापूर्ण शिक्षण का वातावरण विकसित हो। बैठक में जिला शिक्षा अधिकारी सच्चिदानंद पांडे, डाइट प्राचार्य श्री एम.पी. डुंगडुंग, कार्यपालन यंत्री मेघा मौर्य, सहायक संचालक राजेश अग्रहरी, डीपीसी प्रेमनारायण तिवारी, डाइट व्याख्याता राजेन्द्र असाटी सहित विभागीय अधिकारी तथा सभी विकासखंडों के बीईओ एवं बीआरसीसी उपस्थित रहे।








